केंद्रीय मंत्री डॉ। जितेंद्र सिंह कहते हैं, मिशन कर्मयोगी का उद्देश्य आम लोगों के लिए "आसानी से जीवनयापन" सुनिश्चित करना है।
डॉ०जसवीर आर्य(प्रधानसंपादक DTN)
नए भारत के लिए एक नए भविष्य के लिए तैयार सिविल सेवा बनाने का मिशन: डॉ। जितेंद्र सिंह
मिशन कर्मयोगी विश्व में सबसे बड़ा सिविल सेवा सुधार होगा।
यह व्यक्तिगत रूप से क्षमता निर्माण उपकरण का व्यापक सुधार है,
कुशल सार्वजनिक सेवा वितरण के लिए संस्थागत और प्रक्रिया स्तर: डॉ। जितेंद्र सिंह
नई दिल्ली-02.09.2020
केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), उत्तर पूर्वी क्षेत्र का विकास (DoNER), MoS PMO, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष, डॉ जितेंद्र सिंह ने कहा, मिशन कर्मयोगी का नागरिक सेवा क्षमता का राष्ट्रीय कार्यक्रम केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा भवन (NPCSCB) एक नए भारत के लिए भविष्य की तैयार सिविल सेवा बनाने में एक लंबा रास्ता तय करेगा। मीडिया को जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि यह एक वास्तविक कर्मयोगी के रूप में सिविल सेवाओं को विकसित करने का एक प्रयास है जो भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए रचनात्मक, रचनात्मक, सक्रिय और सशक्त है। उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य सिलोस में काम करने की संस्कृति को समाप्त करना और प्रशिक्षण मॉड्यूल की बहुलता को दूर करना भी है।
डॉ। जितेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले छह वर्षों के दौरान क्रांतिकारी शासन सुधार लाए गए। उन्होंने कहा, 19 अगस्त, 2020 को राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के ऐतिहासिक पारित होने के बाद, मिशन कर्मयोगी गहराई और प्रसार के मामले में दुनिया में सबसे बड़ा सिविल सेवा सुधार साबित होगा। उन्होंने कहा कि मध्य-कैरियर प्रशिक्षण सभी भाषाओं में सभी स्तरों पर सभी सेवाओं के लिए उपलब्ध होगा और यह रेखांकित किया जाएगा कि इससे भारत सरकार के सभी स्तरों पर सेवाओं के पेशेवर वितरण में मदद मिलेगी।
डॉ जितेंद्र सिंह ने कहा, नियम विशेष से लेकर भूमिका विशिष्ट, संस्थागत क्षमता निर्माण प्रशिक्षण, कौशल का निरंतर उन्नयन, सिलोस में काम करने की संस्कृति को समाप्त करना इस सुधार प्रक्रिया की कुछ प्रमुख विशेषताएं हैं।
No comments:
Post a Comment